Sunday, November 3, 2024

"माँ का आशीर्वाद लौटाया हमारे आँगन में – इस बार भाभी करेंगी छठ पूजा 🕉️🌈"

चौदह साल बाद हमारे घर में एक नया सूरज उगने जा रहा है, मानो माँ का आशीर्वाद आसमान से बरस रहा हो। 🌅🌠 उनकी विदाई के बाद से हमारे आँगन में छठ पूजा का स्वरूप बदल गया था। हर साल पूजा का प्रसाद और अर्घ्य किसी और को सौंपना पड़ता था, लेकिन दिल में एक खालीपन, एक कसक हमेशा रहती थी – माँ के जाने के बाद आँगन का वो पवित्र कोना सूना क्यों है? 🌾🕉️🙏

लेकिन इस बार, हमारे घर का ये सूना आँगन फिर से जीवित हो उठेगा।✨🌈 मेरी भाभी ने इस साल छठ पूजा करने का संकल्प लिया है, और उनका ये संकल्प हमारे पूरे परिवार के लिए किसी चमत्कार से कम नहीं है। जैसे ही उन्होंने पूजा करने की इच्छा जताई, मानो माँ का आशीर्वाद हम पर बरसने लगा।💫❤️🌸

घर का हर कोना जैसे फिर से माँ की उपस्थिति से भर गया है। जब भाभी अपने हाथों से पूजा की तैयारी करती हैं, तो लगता है माँ की आत्मा हमें देख रही है, हमें आशीर्वाद दे रही है। उनके चेहरे की रौनक और विश्वास देख कर लगता है, माँ ने जैसे खुद उन्हें ये ज़िम्मेदारी सौंपी है। 🙏🌻🌅

इस साल का छठ हमारे परिवार के लिए सिर्फ एक पूजा नहीं, बल्कि हमारी भावनाओं का पुनर्जन्म है। माँ की यादें, उनकी ममता, उनका त्याग, सब फिर से जीवित हो गया है।💖👣 ऐसा लग रहा है, माँ आज भी हमारे बीच हैं, और इस शुभ अवसर पर हमारी भाभी का संकल्प एक नए अध्याय की शुरुआत है। 🌄🌾🌼

हमारा आँगन फिर से गीतों और मंत्रों से गूंजेगा, सूर्यदेव को अर्घ्य चढ़ेगा और माँ का आशीर्वाद हमारे साथ रहेगा। 🌞🌅🌊 ये पल हमारे परिवार के लिए अनमोल है, और हमारे दिलों में माँ की यादों के साथ एक नई शुरुआत का प्रतीक है। 💫🌻🌸

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